कलक्टर ने प्लास्टिक काम्प्लेक्स की बदहाली देखा

कौटिल्य वार्ता
By -
0

 



बस्ती ,उत्तरप्रदेश
 जिलाधिकारी श्रीमती सौम्या अग्रवाल ने अधिकारियों के साथ प्लास्टिक काम्प्लेक्स में जल निकासी व्यवस्था का निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि प्लास्टिक काम्प्लेक्स स्थित तालाब का साफ-सफाई कराएं, गहरा भी कराएं तथा इसके किनारों को मिट्टी डालकर ऊंचा कराएं ताकि तालाब का पानी उलट कर इंडस्ट्रियल एरिया में न जाए।
     उन्होंने प्लास्टिक कांप्लेक्स स्थित रोड नंबर 5, 8 और 11 का निरीक्षण किया। यहां पर यूपीएसआईडीसी द्वारा इंटरलॉकिंग का कार्य कराया जा रहा है। उन्होंने इस कार्य को 10 दिन में पूरा कराने का निर्देश दिया है। उन्होंने कहा कि सड़क के साथ-साथ पटरी का भी कार्य कराया जाए। उन्होंने कहा कि इंडस्ट्रियल एरिया में भारी वाहनों का आवागमन होता है इसलिए मजबूत सड़क बनाई जाए।
     प्लास्टिक कांप्लेक्स में बरसात के दिनों में जल निकासी एक प्रमुख समस्या है। प्लास्टिक काम्प्लेक्स के अंतिम छोर एवं रेलवे लाइन के बीच एक छोटा तालाब है जिसमें पानी एकत्र होता है परंतु उसको आगे निकलने का रास्ता नहीं है। अधिशासी अभियंता सरयू नहर खंड 4 राकेश कुमार गौतम ने जिला अधिकारी को बताया कि रेलवे प्रशासन से अनुमति लेकर उनके मानक के अनुसार ड्रेनेज सिस्टम बनाया गया है और पानी सीधे नरियाव ताल में गिराने की व्यवस्था की गई है। उन्होंने बताया कि इस पर लगभग रू0 500000 खर्च हुए हैं। उन्होंने बताया कि प्लास्टिक कांप्लेक्स स्थित तालाब में पूरा पानी भरने पर ड्रेन आउट होता है। जिलाधिकारी ने निर्देश दिया है कि प्लास्टिक काम्प्लेक्स स्थित उद्योगों को जल प्लावन से बचाने के लिए भी व्यवस्था करें। तालाब के किनारों को छोटा बंधा बनाकर सुरक्षित करें। आवश्यकता होने पर पंप लगाकर पानी की निकासी सुनिश्चित कराएं। साथ ही पोकलैंन लगाकर पूरे तालाब की सफाई कराएं।
    उल्लेखनीय है कि गुरुवार को उद्योग बंधु की बैठक में जल प्लावन की समस्या के बारे में महामंत्री हरीश चंद्र शुक्ला ने जिलाधिकारी को अवगत कराया था। जिलाधिकारी ने सरयू नहर खंड के सहायक अभियंता से पूरा प्रकरण समझने के बाद आज दिन में स्थलीय निरीक्षण का समय निर्धारित किया था। इस क्रम में उन्होंने मुख्य विकास अधिकारी डॉ0 राजेश कुमार प्रजापति, यूपीएसआईडीसी के क्षेत्रीय प्रबंधक केएन श्रीवास्तव, अधिशासी अभियंता प्रदीप कुमार तथा उपायुक्त उद्योग उदय प्रकाश पासवान के साथ उन्होंने स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने मुख्य विकास अधिकारी को यह भी निर्देश दिया है कि यहां की प्रगति की नियमित समीक्षा करते रहे तथा समय से कार्य पूरा कराएं।
      इसी क्रम में उन्होंने प्लास्टिक कांप्लेक्स में निर्माणाधीन 5, 8 एवं 11 नंबर की सड़क पर इंटरलॉकिंग का काम भी देखा। अधिशासी अभियंता ने बताया कि 20 माह से यह कार्य चल रहा है। जिलाधिकारी ने इस स्थिति पर नाराजगी व्यक्त किया तथा 10 दिन के भीतर तीनों सड़क का कार्य पूरा कराने का निर्देश दिया है अन्यथा की स्थिति में संबंधित ठेकेदार के विरुद्ध एफआईआर दर्ज कराई जाएगी। निरीक्षण के दौरान उन्होंने मुख्य मार्ग पर स्थित कांप्लेक्स चैराहे पर जलजमाव पर असंतोष व्यक्त किया तथा सहायक अभियंता पीडब्ल्यूडी को तत्काल जल निकासी की व्यवस्था करने का निर्देश दिया। जिलाधिकारी के निर्देश पर सहायक अभियंता प्रियांक मणि ने अपने मित्र एवं कर्मचारियों के साथ पटरी की साफ-सफाई शुरू करा दिया। निरीक्षण के दौरान उद्यमी हेमंत सावलानी, सुनील गुप्ता, अभिषेक जायसवाल, विनोद कुमार चैधरी एवं अन्य उद्यमी उपस्थित रहे।

Post a Comment

0Comments

Please Select Embedded Mode To show the Comment System.*